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रजनीकांत, कमल हासन के साथ कई बड़ी हस्तियों ने दी जे महेंद्रन को अंतिम विदाई, देखें तस्वीरें

j mahendran funeral pictures

कॉलीवुड ने अपने सबसे प्रतिष्ठित फिल्म निर्माताओं में से एक को खो दिया है। फिल्म निर्माता महेंद्रन, जो कि रजनीकांत स्टारर मेगाहिट ‘पेट्टा’ का भी हिस्सा थे, का लंबी बीमारी के कारण चेन्नई में निधन हो गया।

उन्हें कथित तौर पर तमिलनाडु की राजधानी के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उन्होंने मंगलवार 2 अप्रैल को अंतिम सांस ली।

रजनीकांत से लेकर कमल हासन तक कई हस्तियों ने उनके आवास पर अंतिम श्रद्धांजलि दी है। उनमें विजय सेतुपति, राधिका सरथकुमार, कॉमेडियन विवेक, संगीत उस्ताद इलियाराजा जैसे कलाकार भी थे जो महेंद्रन के परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करने के लिए पहुंचे।

उनकी मृत्यु राष्ट्र या उद्योग के लिए बहुत बड़ी क्षति है। तमिल फिल्म लेखक, निर्देशक और अभिनेता, जे महेंद्रन- एक दुर्लभ रत्न सामान थे जिनकी चमक से दूसरों को भी चमकने में मदद मिली। और, वास्तव में, उनकी मृत्यु को उद्योग के लिए एक झटका के रूप में देखा जा सकता है।

रजनीकांत, जिन्हें आज तमिलनाडु में एक डेमी-गॉड की तरह माना जाता है, उनकी सफलता का श्रेय महेंद्रन को जाता है। 1978 में ‘मुल्लुम मलारुम’ रजनीकांत के लिए एक सफलता के रूप में सामने आई थी।

जे महेंद्रन, तमिल सिनेमा में यथार्थवाद को बढ़ावा देने और सुपरस्टार रजनीकांत को ‘मुल्लू मलाराम’ के साथ अपने करियर की सफलता देने के लिए जाने जाते हैं, वह 79 साल के थे।

महेंद्रन के प्रचारक ने आईएएनएस को बताया कि वह गंभीर रूप से बीमार थे और एक सप्ताह से अपोलो अस्पताल में इलाज चल रहा था। सोमवार रात को उन्हें घर वापस लाया गया था।

प्रचारक ने आईएएनएस से कहा कि, “आज सुबह उनके निवास पर उनका निधन हो गया। एक सप्ताह के इलाज के बाद उन्हें कल शाम अस्पताल से घर लाया गया। दाह संस्कार की सेवाएं आज शाम होंगी।”

जे महेंद्रन का अंतिम संस्कार उनके उपनगरीय निवास पर दिन में बाद में किया जाएगा। महेंद्रन को अपने छात्र काल में एक तमिल पत्रिका में उप-संपादक के रूप में काम करने के दौरान एक आलोचक के रूप में सिनेमा की दुनिया से परिचित कराया गया था।

1939 में जन्मे महेंद्रन ने अपने करियर की शुरुआत एक पटकथा लेखक के रूप में की और 1966 की तमिल फिल्म ‘नाम मूवर’ से अपनी शुरुआत की। उन्होंने समीक्षकों द्वारा प्रशंसित 1978 की फिल्म ‘मुल्लुम मल्लारुम’ के साथ निर्देशन का लुत्फ उठाने से पहले कुछ और फिल्में लिखीं थीं।

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साक्षी सिंह

Writer, Theatre Artist and Bellydancer

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