मंगलवार, जनवरी 21, 2020

प्रधानमंत्री आवास योजना: केंद्र सरकार नें दिए 1 करोड़ घरों के निर्माण के आदेश

Must Read

जल संरक्षण का महत्व

जल संरक्षण क्यों जरूरी है? स्वच्छ, ताजा पानी एक सीमित संसाधन है। दुनिया में हो रहे सभी गंभीर सूखे के...

भारत में रियलमी करेगा स्नैपड्रैगन की 720जी चिप के साथ फोन लॉन्च

चीन की स्मार्टफोन निर्माता रियलमी के सीईओ माधव शेठ ने मंगलवार को भारत में नए स्नैपड्रैगन 720जी एसओजी (सिस्टम-ऑन-चिप)...

केंद्र सरकार 22 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को सूचित किया है कि देश में 1 करोड़ घरों के निर्माण के लिए जो भी धन चाहिए उसे राज्य केंद्र से ले सकते हैं।

केंद्र सरकार चाहती है कि 31 मार्च 2019 तक प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत रखे गए 1 करोड़ घरों के निर्माण के लक्ष्य को हर हाल में पा लिया जाये।

हालाँकि सरकार के इस इशारे से यह तो तय कि सरकार अभी तक तय 2018 के अंत तक के लक्ष्य को तो नहीं पा पाएगी।

मालूम हो कि इस योजना के अंतर्गत अभी तक 56 लाख घरों का निर्माण हो चुका है, जबकि 26 लाख अन्य घरों के लिए सरकार ने पैसा रिलीज़ कर दिया है। इसके बावजूद अभी बहुत से राज्य ऐसे हैं जिन्होने वर्ष 2017-18 के लिए कोई फंड नहीं लिया है, जबकि कुछ एक का तो वर्ष 2016-17 का भी फंड बकाया है।

इसके तहत ग्रामीण विकास मंत्रालय ने सभी 22 राज्यों को पत्र लिखते हुए यह सूचित किया है कि इस योजना के लिए केंद्र के पास पर्याप्त धन है, ऐसे में जिन राज्यों ने अपने हिस्से की राशि केंद्र से नहीं ली है, वे राज्य इस राशि को जल्द से जल्द क्लेम कर लें।

मंत्रालय नहीं चाहता है कि राज्यों द्वारा फ़ंड ने लेने की दशा में केंद्र सरकार की इस परियोजना में किसी भी तरह का व्यवधान पैदा हो।

यह भी पढ़ें: गरीबी के खिलाफ़ लड़ाई में बड़ा हथियार है प्रधानमंत्री आवास योजना: नरेन्द्र मोदी

गौरतलब है कि बिहार राज्य ने वर्ष 2017-2018 के फ़ंड के लिए केंद्र के पास किसी भी तरह का कोई प्रस्ताव नहीं भेजा है। मालूम हो कि बिहार ने इस योजना के तहत अभी तक महज 1.82 लाख घर बनाए है, जबकि उसे कुल 11.76 लाख घरों का निर्माण करना है।

दूसरी ओर आंध्रप्रदेश ने भी 1.23 लाख घरों के लक्ष्य में अभी सिर्फ 28 हज़ार घरों का ही निर्माण पूरा किया है। इसी के साथ महाराष्ट्र ने 4.5 लाख घरों के लक्ष्य में 2.56 लाख घरों का निर्माण किया है, और इसके लिए 2017-18 की दूसरी छमाही से केंद्र से किसी भी प्रकार की राशि की माँग नहीं की है।

ऐसे सभी राज्यों को केंद्र की तरफ से पत्र भेज कर सूचित किया गया है।

यह भी पढ़ें: प्रधानमंत्री रोजगार प्रोत्साहन योजना में जुड़े 85 लाख लाभार्थी

- Advertisement -

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest News

जल संरक्षण का महत्व

जल संरक्षण क्यों जरूरी है? स्वच्छ, ताजा पानी एक सीमित संसाधन है। दुनिया में हो रहे सभी गंभीर सूखे के...

भारत में रियलमी करेगा स्नैपड्रैगन की 720जी चिप के साथ फोन लॉन्च

चीन की स्मार्टफोन निर्माता रियलमी के सीईओ माधव शेठ ने मंगलवार को भारत में नए स्नैपड्रैगन 720जी एसओजी (सिस्टम-ऑन-चिप) के साथ स्मार्टफोन लॉन्च करने...

झारखंड : नई सरकार के शपथ ग्रहण के 24 दिनों बाद भी नहीं हुआ मंत्रिमंडल विस्तार, गैरों के साथ अपने भी कस रहे तंज!

झारखंड में नई सरकार का शपथ ग्रहण 29 दिसंबर को हुआ था। अबतक 24 दिन बीत चुके हैं, लेकिन अभी भी मंत्रिमंडल का विस्तार...

त्रिपुरा, मणिपुर और मेघालय ने मनाया 48 वां राज्य दिवस

त्रिपुरा, मणिपुर और मेघालय ने मंगलवार को अलग-अलग अपना 48वां राज्य दिवस मनाया। इस मौके पर कई रंगा-रंग कार्यक्रम पेश किए गए। राष्ट्रपति रामनाथ...

महाराष्ट्र : भाजपा ने राकांपा के मंत्री के बयान पर आपत्ति जताई, बताया हिंदू विरोधी

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के नेता और महाराष्ट्र के मंत्री जितेंद्र अवध के बायन पर मंगलवार को कड़ी आपत्ति...
- Advertisement -

More Articles Like This

- Advertisement -