दा इंडियन वायर » मनोरंजन » क्या बिना भारतीय फिल्मों के, टिक पाएगा पाकिस्तानी बॉक्स ऑफिस? जानिए एक्सपर्ट्स की राय…
मनोरंजन

क्या बिना भारतीय फिल्मों के, टिक पाएगा पाकिस्तानी बॉक्स ऑफिस? जानिए एक्सपर्ट्स की राय…

क्या बिना भारतीय फिल्मों के, टिक पाएगा पाकिस्तानी बॉक्स ऑफिस? जानिए एक्सपर्ट्स की राय...

जब 14 फरवरी को पुलवामा में आतंकी हमला हुआ जिसमे हमारे 40 से ज्यादा सीआरपीएफ जवान शहीद हो गए, हिंदी फिल्म इंडस्ट्री ने अपनी फिल्में पाकिस्तान में रिलीज़ करने से मना कर दिया था। फिर इस हमले का बदला लेने के लिए, जब भारतीय वायु सेना ने 26 फरवरी को पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकवादियों के ठिकानो पर हवाई हमला किया तो पाकिस्तान ने भारतीय फिल्मों पर प्रतिबन्ध लगा दिया।

फ़िलहाल, पड़ोसी मुल्क में सिनेमा स्थानीय कंटेंट और कुछ मशहूर हॉलीवुड फिल्मों के भरोसे पर चल रहा है। तो क्या भारतीय फिल्में ना रिलीज़ होने से पाकिस्तान के बॉक्स ऑफिस पर असर पड़ेगा? क्या वितरकों और प्रदर्शकों को नुकसान होगा और क्या वे इसका खामियाजा भुगत पाएँगे?

पाकिस्तानी फिल्म व्यापार विश्लेषक अली जैन ने टाइम्स नाउ को फ़ोन के जरिये बताया- “पाकिस्तान के वितरक और प्रदर्शक से ज्यादा, भारतीय निर्माताओं को नुकसान होगा। आगामी हिंदी फिल्मों का भारत में एक बड़ा बाजार हो सकता है, लेकिन पाकिस्तान में उनके पास बहुत सारे खरीदार नहीं हैं।”

अली ने बताया कि पिछले साल पाकिस्तान में खानों की फिल्में भी अच्छा प्रदर्शन नहीं दिखा पाई और इस साल केवल सलमान खान की फिल्म ‘भारत’ रिलीज़ हो रही है और वो भी, सामान्य हालातों में, ईद के दौरान रिलीज़ नहीं हो पाएगी क्योंकि देश में ऐसा कानून है कि ईद के मौके पर कोई विदेशी फिल्म रिलीज़ नहीं होगी।

उन्होंने आगे कहा-“पाकिस्तानी दर्शक केवल दो ही भारतीय फिल्मों का इंतज़ार कर रहे थे जिसमे से एक हैं ऋतिक रोशन और टाइगर श्रॉफ की यशराज फिल्म्स के निर्माण में बन रही फिल्म और दूसरी, रणबीर कपूर और आलिया भट्ट अभिनीत फिल्म ‘ब्रह्मास्त्र‘।”

भारतीय फिल्म व्यापार विश्लेषक अक्षय राठी के विचार हालांकि एकदम अलग हैं। उनके मुताबिक, “भारतीय फिल्मों में पाकिस्तानी बॉक्स ऑफिस का योगदान एकदम ना के बराबर है- मात्र एक प्रतिशत। भारतीय फिल्मों का पाकिस्तानी बॉक्स ऑफिस में योगदान काफी बड़ा है।”

इस दावे को खारिज करते हुए कि पाकिस्तान में भारतीय फिल्मों की स्क्रीनिंग ना होने से भारतीय निर्माताओं को ज्यादा नुकसान होगा, राठी ने आगे कहा-“वहाँ भारतीय फिल्में ना चलाने से, हमारे निर्माताओं पर हल्का सा ही प्रभाव पड़ेगा।लेकिन पाकिस्तान का प्रदर्शनी सर्किट गंभीर समस्या में फंस सकता है क्योंकि उनके पास दिखाने के लिए सभ्य कंटेंट नहीं है। ये एकतरफ़ा समीकरण है कि हमारे ऊपर नगण्य प्रभाव और उनके ऊपर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ेगा।”

पड़ोसी मुल्क में रिलीज़ होने वाली आखिरी फिल्म रणवीर सिंह और आलिया भट्ट अभिनीत फिल्म ‘गली बॉय‘ थी। क्षेत्र में कोई भारतीय फिल्म रिलीज़ ना होने के कारण, सिनेमाप्रेमी बेसब्री से हॉलीवुड फिल्म ‘कैप्टेन मार्वल’ का इंतज़ार कर रहे हैं मगर फिल्म एक हफ्ते देरी से आ सकती है क्योंकि मेकर्स वहाँ के स्थानीय वितरकों से सौदा पक्का नहीं कर पाए।

 

About the author

साक्षी बंसल

पत्रकारिता की छात्रा जिसे ख़बरों की दुनिया में रूचि है।

Add Comment

Click here to post a comment

फेसबुक पर दा इंडियन वायर से जुड़िये!

Advertisement