सोमवार, अक्टूबर 21, 2019

बांग्लादेश: सुंदरवन ‘खतरे में प्राकृतिक स्थलों’ की सूची में हो सकता है शामिल

Must Read

बिहार : स्नान करने गई 3 बच्चियों की डूबने से मौत

दरभंगा, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। बिहार के दरभंगा जिले के बिरौल थाना क्षेत्र में सोमवार को कमला नदी में स्नान...

रांची टेस्ट : जीत की हैट्रिक की ओर बढ़ता भारत (लीड-1)

रांची, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। भारत का दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज को 3-0 से हथियाना का...

एंड्रयू मैक्डोनाल्ड बने राजस्थान रॉयल्स के कोच

मुंबई, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के पहले सीजन का खिताब अपने नाम करने वाली राजस्थान रॉयल्स...
पंकज सिंह चौहान
पंकज दा इंडियन वायर के मुख्य संपादक हैं। वे राजनीति, व्यापार समेत कई क्षेत्रों के बारे में लिखते हैं।

ढाका, 15 जून (आईएएनएस)| प्राकृतिक विश्व विरासत पर आधिकारिक सलाहकार संगठन ने सुंदरवन को ‘खतरे में प्राकृतिक स्थलों’ की सूची में शामिल करने का सुझाव दिया है, क्योंकि बांग्लादेश ने जंगल के पास ही कोयला चालित बिजली संयत्र परियोजना का काम जारी रखा है।

बीडी न्यूज24 ने शनिवार को सूचना दी कि प्रकृति के संरक्षण के लिए अंतर्राष्ट्रीय संघ (आईयूसीएन) 30 जून से 10 जुलाई तक अजरबैजान में होने वाले अपने वार्षिक बैठक में इस सिफारिश पर निर्णय लेने के लिए 21 सरकारों की विश्व विरासत समिति का निर्धारण किया गया है।

साल, 2017 के जुलाई में यूनेस्को ने सुंदरवन को खतरे में धरोहर स्थलों की सूची में शामिल करने की योजना वापस ले ली थी।

विश्व धरोहर केंद्र के लिए दुनिया के सबसे बड़े मैनग्रोव जंगल के संरक्षण पर रिपोर्ट के लिए सरकार को दिसंबर, 2018 तक की अनुमति थी।

मार्च 2016 में केंद्र और आईयूसीएन द्वारा संयुक्त रूप से संचालित एक प्रक्रियाशील निगरानी मिशन की ओर से बारीकी से सिफारिशें की गईं, जिनमें दक्षिण-पश्चिमी क्षेत्र के लिए एक रणनीतिक पर्यावरण मूल्यांकन की जरूरत भी शामिल थी।

इस मिशन के बाद विश्व धरोहर समिति ने रामपाल पावर प्लांट परियोजना निरस्त करने और इसे कहीं और स्थानांतरित करने की बात कही थी।

यूनियन ने कहा कि इस परियोजना को स्थानांतरित करने की बात कही जाने के बाद भी इसका निर्माण जारी रहा और सुदंरवन पर इसके प्रभावों का आकलन भी नहीं किया गया।

आईयूसीएन के मुताबिक, पायरा नदी पर भी दो अतिरिक्त कोयला चालित विद्युत संयंत्र का निर्माण किया जा रहा है जो सुंदरवन के पास खाड़ी में बहती है।

इसमें यह भी कहा गया कि इनके अलावा भी साइट पर 150 से अधिक ओद्योगिक परियोजनाएं सक्रिय हैं और उनसे संबंधित शिपिंग और ड्रेजिंग गतिविधियों से आगे चलकर इलाके की जलवायु और पर्यावरण के लिए खतरा पैदा कर सकती है।

- Advertisement -

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest News

बिहार : स्नान करने गई 3 बच्चियों की डूबने से मौत

दरभंगा, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। बिहार के दरभंगा जिले के बिरौल थाना क्षेत्र में सोमवार को कमला नदी में स्नान...

रांची टेस्ट : जीत की हैट्रिक की ओर बढ़ता भारत (लीड-1)

रांची, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। भारत का दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज को 3-0 से हथियाना का इरादा हकीकत के पास पहुंचता...

एंड्रयू मैक्डोनाल्ड बने राजस्थान रॉयल्स के कोच

मुंबई, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के पहले सीजन का खिताब अपने नाम करने वाली राजस्थान रॉयल्स ने आस्ट्रेलिया के एंड्रयू बैरी...

इंदौर के होटल में आग, 6 लोग सुरक्षित निकाले गए

इंदौर, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश की व्यापारिक नगरी इंदौर के विजयनगर क्षेत्र में स्थित गोल्डन गेट होटल में सोमवार की सुबह अचानक आग...

राजस्थान : मांडवा व खींवसर सीट पर दोपहर से पहले 25 फीसदी से अधिक मतदान

जयपुर, 21 अक्टूबर (आईएएनएस)। राजस्थान के विधानसभा उपचुनाव में मांडवा सीट पर सोमवार पूर्वाह्न् 11:30 बजे तक 26.97 फीसदी मतदान हुआ। वहीं इस समय...
- Advertisement -

More Articles Like This

- Advertisement -