रविवार, दिसम्बर 8, 2019

सीरिया में अमेरिका ने तत्काल संघर्षविराम की मांग की

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कविता
कविता ने राजनीति विज्ञान में स्नातक और पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है। वर्तमान में कविता द इंडियन वायर के लिए विदेशी मुद्दों से सम्बंधित लेख लिखती हैं।

सीरिया के इदलिब प्रान्त में सरकार और रुसी सहयोगी की निरंतर हवाई हमले की आलोचना करते हुए अमेरिका ने तत्काल संघर्षविराम की मंगलवार को मांग की है ताकि मानवीय आपदा को रोका जा सके।

हवाई हमले की आलोचना

अमेरिका के राज्य सचिव माइक पोम्पियो ने ट्वीट कर कहा कि “हम रूस और बशर अल असद की तरफ से निरंतर हवाई हमलो की आलोचना करते हैं। इन हवाई हमले ने ढांचों को तबाह कर दिया है और कई नागरिकों की इसमें हत्या हुई है। सीरिया का कोई सैन्य समाधान नहीं है। हम तत्काल संघर्षविराम और राजनीतिक प्रक्रिया पर वापस आने की मांग करते हैं। इस मानवीय आपदा को रोकना चाहते हैं।”

पोम्पियों का बयान तब आया जब हाल ही में एक बाज़ार में हवाई हमले से 31 लोगो की मौत हो गयी थी और उत्तरी पश्चिमी इलाके के निवासी क्षेत्रो में बीते दो दिनों से हमले हो रहे थे। बाज़ार पर हमले के कुछ देर बाद सीरिया की मीडिया ने कहा कि विद्रोहियों ने सरकार के नियंत्रण गाँवों में गोलीबारी की थी जिसमे सात नागरिकों की मौत हो गयी थी।

सीरिया साल 2011 से नागरिक जंग से जूझ रहा है। सीरिया में हमले से 370000 से अधिक लोगो की मौत हुई है और लाखो लोग विस्थापित हुए हैं। रूस ने संघर्षविराम समझौते को तोड़ने का आरोप विद्रोहियों पर लगाया था और कहा कि संधि के तहत तुर्की अपने कर्तव्यो का पालन करने में असमर्थ रहा था।

सीरिया का संघर्ष

रूस और सीरिया की सरकार ने विद्रोहियों के आखिरी गढ़ में आक्रमक रुख से हमला किया था और कई नागरिक इलाको में भी हवाई हमला किया गया है। हालाँकि मोस्को और डमस्कस की सेना ने इन निरंतर हवाई हमले से इंकार किया है जिसमे नागरिकों का आम जनजीवन प्रभावित हुए हो।

बीते वर्ष सितम्बर में तुर्की और रूस इदलिब में संघर्षविराम के लिए राज़ी हो गए थे। दोनों पक्षों की सहमती के बाद यह प्रान्त तनाव रहित इलाके में शामिल था और इस इलाके में आक्रमक कार्रवाई पर संयमता बरतने का वादा किया था। सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल असद की सेना ने संघर्षविराम समझौते का उल्लंघन किया था।

 

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