रविवार, जनवरी 26, 2020

मीडिया में आलोचना सरकार के लिए मददगार : कमलनाथ

Must Read

उत्तर प्रदेश : इटावा में नाबालिग के साथ बलात्कार करने वाले सिपाही को उम्रकैद की सजा

उत्तर प्रदेश के इटावा जिले की एक अदालत ने पुलिस के एक सिपाही को नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म...

हरियाणा : पानीपत में चलती कार में नाबालिग के साथ बलात्कार, 2 आरोपी गिरफ्तार

हरियाणा के पानीपत में एक 15 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ चलती कार में सामूहिक दुष्कर्म करने का मामला...

ब्रिटेन : पीएम बोरिस जॉनसन ने किए ‘ईयू’ से निकलने के समझौते पर हस्ताक्षर

ब्रिटिश प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने डाउनिंग स्ट्रीट में ब्रेक्सिट वापसी समझौते पर हस्ताक्षर कर दिए हैं, जो ब्रिटेन के...
पंकज सिंह चौहान
पंकज दा इंडियन वायर के मुख्य संपादक हैं। वे राजनीति, व्यापार समेत कई क्षेत्रों के बारे में लिखते हैं।

भोपाल, 20 जुलाई (आईएएनएस)| मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने पत्रकारों से कहा कि मीडिया में आलोचना सरकार को अपनी कमियां दूर करने का मौका देती है, इसलिए जरूरी है कि पत्रकार निडर और निष्पक्ष होकर अपनी भूमिका निभाएं।

राजधानी के माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय के ‘उत्कृष्टता की ओर सत्रारंभ 2019’ का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री कमलनाथ ने शनिवार को पत्रकारिता के विद्यार्थियों से कहा कि वे अपने पेशे का सम्मान करें और निष्पक्ष होकर काम करने की शपथ भी लें।

कमलनाथ ने आगे कहा, “लोकतंत्र की मजबूती के लिए जरूरी है कि पत्रकारिता प्रलोभन और दबाव से दूर रहकर भारत के संविधान को आत्मसात करे, जो हमें विचारों की अभिव्यक्ति का अधिकार देता है। मुझे बहुत सुविधा होती है, जब मैं अपनी सरकार की योजना और व्यवस्था की आलोचना अखबारों में पढ़ता हूं। मुझे जानकारी मिलती है तो उस पर एक्शन लेता हूं। इससे मुझे अपनी सरकार की कमियों को दूर करने में मदद मिलती है।”

मुख्यमंत्री ने पत्रकारिता का अध्ययन कर रहे नवागत छात्र-छात्राओं से कहा कि वे एक ऐसे पेशे से जुड़े हैं, जो लोकतंत्र का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है। इसलिए निष्पक्ष होकर काम करें, क्योंकि निर्भीक और निष्पक्ष लेखन प्रजातंत्र को सकारात्मक रूप से प्रभावित करता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पत्रकार और समाचार-पत्र सरकार के प्रकाशन नहीं हैं। आपको आलोचना करने का अधिकार है और यह आपका कर्तव्य भी है।

मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय के शिक्षकों को सातवां वेतनमान, विश्वविद्यालय के अध्ययन संस्थान में पढ़ने वाले अनुसूचित जाति-जनजाति के विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति और कर्मचारियों के बीमा में विश्वविद्यालय द्वारा अंशदान दिए जाने की घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने नए सत्र के सिलेबस का विमोचन भी किया। मुख्यमंत्री को शॉल-श्रीफल और स्मृति-चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया तथा स्वागत पुस्तक भेंट की गई।

विश्वविद्यालय के कुलपति दीपक तिवारी ने कहा कि इस विश्वविद्यालय की स्थापना पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की संकल्पना थी। उन्होंने 32 वर्ष पूर्व खंडवा में पंडित माखनलाल चतुर्वेदी की स्मृति में आयोजित कार्यक्रम में इसकी घोषणा की थी।

- Advertisement -

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest News

उत्तर प्रदेश : इटावा में नाबालिग के साथ बलात्कार करने वाले सिपाही को उम्रकैद की सजा

उत्तर प्रदेश के इटावा जिले की एक अदालत ने पुलिस के एक सिपाही को नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म...

हरियाणा : पानीपत में चलती कार में नाबालिग के साथ बलात्कार, 2 आरोपी गिरफ्तार

हरियाणा के पानीपत में एक 15 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ चलती कार में सामूहिक दुष्कर्म करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने...

ब्रिटेन : पीएम बोरिस जॉनसन ने किए ‘ईयू’ से निकलने के समझौते पर हस्ताक्षर

ब्रिटिश प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने डाउनिंग स्ट्रीट में ब्रेक्सिट वापसी समझौते पर हस्ताक्षर कर दिए हैं, जो ब्रिटेन के लिए एक ऐतिहासिक क्षण है।...

जरीन खान चाहती हैं सारा अली खान के साथ लॉन्ग ड्राइव पर जाना

बॉलीवुड अभिनेत्री जरीन खान, सारा अली खान के साथ लॉन्ग ड्राइव पर जाना चाहती हैं, क्योंकि वह 'बिंदास' हैं और जो मन में आता...

मध्य प्रदेश : इंदौर में हुई सूरज बड़जात्या की टीवी सीरीज की शूटिंग

फिल्मकार सूरज बड़जात्या की आगामी टेलीविजन सीरीज 'दादी अम्मा दादी अम्मा मान जाओ' को इंदौर में फिल्माया गया है। एक खास दृश्य के लिए...
- Advertisement -

More Articles Like This

- Advertisement -