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    भारत-श्रीलंका संयुक्त सैन्यभ्यास

    भोर चार बजे भारतीय सिपाही राजेश कुमार नींद से जागे और पलंग पर अपनी आँखों को रगड़कर खोलने की कोशिश की, अपने आस पास के वातावरण में नजरो को घुमाया तो देखा कि एक अन्य श्रीलंकाई सिपाही संजीव रत्ननायके भी अपने पलंग से उठने की कोशिश कर रहे थे। दोनों ने एक दुसरे की तरफ मुस्कुराकर देखा और कहा ‘आयुभवन’ यानी ईश्वर आपको लम्बी आयु से नवाजे।

    राजेश कुमार और संजीव रत्ननायके भारत और श्रीलंका के क्रमश सैनिक है जो बीते दस दिनों से बैरक को साझा कर रहे हैं। दोनों ही सैनिक मित्र शक्ति-VI अभ्यास का भाग है जो अभी दियातालवा मिलिट्री स्टेशन पर हो रही है। दोनों सैनिकों ने अपनी नींद को एक गर्म चाय के कप से भगाया और फिजिकल ट्रेनिंग मैदान की तरफ दौड़ पड़े।

    सैनिक की दिनचर्या का सबसे महत्वपूर्ण और पहला कार्य ट्रेनिंग है। इस दौरान वह भविष्य की चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार होते हैं। अधिकारी इस पीटी की लेते हैं। वो एक घंटा पसीने से लथपथ, चिकना और थका हुआ होता हैं। दोनों देशों के सैनिक पुश अप, दौड़ और अन्य प्रकार की गतिविधियां करते हैं।

    भारतीय सैनिक के साथ दौड़ लगाते हुए संजीव रत्नायके ने पूछा कि “आप आज थके हुए लग रहे हैं।” सैनिक राजेश ने जवाब दिया कि बीते दिनों में जो तुमने मुझे खाना खाया वह बेहद स्वादिष्ट था।” साथ ही दोनों खिलखिलाकर पड़े। भारतीय सिपाही श्रीलंकाई समकक्षी को भारत की पारम्परिक अभ्यास योग सीखा रहे थे जबकि वह एक्रोबेटिक्स और मार्शल आर्ट सीख रहे थे।

    पीटी के बाद सैनिको ने शॉवर लिया और अपनी सेना की ड्रेस में आ गए और श्रीलंका की बेहतरीन व्यंजनों के साथ नाश्ता किया इसमें पिट्टू, इड्डियाप्पम, किरी बाथ, नारियल की ग्रेवी में पकी सब्जी, कटा संबोल, नारियल संबोल और मसालेदार फिश करी थी। सैनिकों ने सभी तरीके के व्यंजनों का स्वाद चखा और इससे भारतीय सिपाही राजेश का श्रीलंकाई भोजन से एक नाता सा जुड़ गया था।

    भारतीय सैनिक की बात

    mitrashakti

    मौजूदा वक्त में फायरिंग रेंज एरिया में हूँ। इसे पिकनिक स्पॉट की तरह कह सकते हैं क्योंकि यहां खूबसूरत चीड़ के पेड़ है लेकिन भारत से इनका कद कुछ छोटा है। चेहरे पर पेंट किये हुए एक भारतीय सैनिकों ने अपने श्रीलंकाई समकक्षीयों को आतंकी ठिकानों पर रैड करने के तरीके को प्रदर्शित किया। इसके बाद दोनों देशो के सैनिकों ने ड्रिल के दौरान इसका अब्यास किया। श्रीलंकाइयों ने क्लासिक ‘फायर एंड मूवमेंट’ का प्रदर्शन किया। यह लिबरेशन टाइगर ऑफ़ तमिल ईलम के खिलाफ किया गया असल अभियान था।

    फायर एंड मूवमेंट एक सैन्य अभियान होता है जिसके तहत एक पार्टी दुश्मनों पर गोलीबारी करती है जबकि दूसरी भागती हैं। दुसरे दिन हथियार प्रशिक्षण का गहन अभ्यास हुआ दोनों देशों के सैनिक एक-दुसरे के हथियारों से वाकिफ हो गए थे। उस दिन हवाओं से गनपाउडर की दुर्गन्ध आ रही थी जबकि वादियां गोलियों के आवाज़ से भरी हुई थी। दो हफ्तों का प्रशिक्षण सिर्फ सैन्य अभ्यास तक सीमित नहीं था बल्कि भारतीय सैनिक श्रीलंका के समृद्ध संस्कृति और परम्पराओं को भी जान पाए।

    कूटनीति और पारस्परिक सामंजस्य के तहत भारत और श्रीलंका की सेनाओं के बीच प्रत्येक वर्ष ‘मित्र शक्ति’ का अभ्यास किया जाता है। साल 2018-19 का सैन्य अभ्यास का आयोजन 26 मार्च से 8 अप्रैल तक श्रीलंका में आयोजित होगा। इस मकसद दोनों देशों की सेनाओं के बीच संबंधों का निर्माण और प्रचार करना होता है।

    सम्बंधित: भारत-श्रीलंका सम्बन्ध

    By कविता

    कविता ने राजनीति विज्ञान में स्नातक और पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है। वर्तमान में कविता द इंडियन वायर के लिए विदेशी मुद्दों से सम्बंधित लेख लिखती हैं।

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