छत्रपति शिवाजी के जन्मस्थान की मिट्टी अयोध्या ले जाएँगे शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे

Must Read

भारत में कोरोनावायरस के मामले 1.5 लाख के करीब, पढ़ें पूरी जानकारी

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने आज कहा है कि 6,535 नए संक्रमणों के बाद भारत में कोरोनोवायरस बीमारी (COVID-19) के...

कबीर सिंह के लिए पुरुष्कार ना मिलने पर शाहिद कपूर ने दिया यह जवाब

कल मंगलवार शाम को शाहिद कपूर (Shahid Kapoor) ने ट्विटर पर अपने प्रशंसकों से बात करने की योजना बनायी...

सिक्किम के बाद लद्दाख में भारत और चीन की सेना में टकराव

सिक्किम में भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच झड़प की खबरों के बाद उत्तरी सीमा पर दोनों देशों के...
आदर्श कुमार
आदर्श कुमार ने इंजीनियरिंग की पढाई की है। राजनीति में रूचि होने के कारण उन्होंने इंजीनियरिंग की नौकरी छोड़ कर पत्रकारिता के क्षेत्र में कदम रखने का फैसला किया। उन्होंने कई वेबसाइट पर स्वतंत्र लेखक के रूप में काम किया है। द इन्डियन वायर पर वो राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लिखते हैं।

शिवसेना अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के अयोध्या दौरे मे सिर्फ 3 दिन रह गए हैं। उद्धव ने गुरुवार को छत्रपति शिवाजी के जन्मस्थान शिवनेरी किले से मिट्टी लिया, उद्धव इस मिट्टी को लेकर 25 नवंबर को अयोध्या जाएँगे। शिवनेरी किला पुणे के जुन्नर मे स्थित है।

शिवसेना प्रमुख रविवार 25 नवंबर को राम मंदिर निर्माण आंदोलन को फिर से हवा देने के लिए अयोध्या दौरे पर जाएँगे। ठाकरे ने विजयदशमी रैली मे इसकी घोषणा की थी । उन्होने राम मंदिर मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सवाल भी किया था ।

ठाकरे के करीबी हर्षल प्रधान ने पीटीआई को बताया कि शिवसेना प्रमुख छत्रपति शिवाजी के जन्मस्थान कि मिट्टी के रूप मे उनका आशीर्वाद के कर अयोध्या जाएँगे । राम मंदिर मुद्दा उनके दिल के बहुत करीब है ।

उन्होने कहा कि शिवाजी सिर्फ शिवसेना के लिए नहीं बल्कि पूरे देश के आदर्श हैं । बाला साहेब हमेशा शिवाजी के आदर्शों पर चलते रहे और अब उद्धव भी उन्ही के आदर्शों का पालन कर रहे हैं ।

पिछले दिनो उद्धव ने अयोध्या मे किसी रैली को संबोधित करने कि योजना से इंकार कर दिया था । उन्होने कहा था कि अभी ऐसी कोई योजना नहीं है कि किसी रैली को संबोधित किया जाये या नहीं । उन्होने ‘पहले मंदिर, फिर सरकार’ का नारा भी दिया ।

25 नवंबर को ही विश्व हिन्दू परिषद अयोध्या मे एक विशाल रैली का आयोजन कर रही है जिसमे संत समाज और कई अन्य हिंदुवादी संगठनों के शामिल होने कि उम्मीद है। कहा जा रहा है कि वीएचपी कि रैली को संघ का भी समर्थन प्राप्त है।

पिछले महीने सुप्रीम कोर्ट मे राम जन्मभूमि मामले कि सुनवाई जनवरी 2019 तक टलने के बाद अचानक से अयोध्या फिर राजनीति के केंद्र मे आ गया है। हिंदुवादी संगठन जहां 2019 लोकसभा चुनाव से पहले मंदिर निर्माण के लिए कानून बनाने कि मांग कर रहे हैं वहीं विपक्ष अपनी असफलता छुपाने के लिए भाजपा द्वारा चुनाव के मद्देनजर उठाया गया मुद्दा मान रहा है।

- Advertisement -

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -

Latest News

भारत में कोरोनावायरस के मामले 1.5 लाख के करीब, पढ़ें पूरी जानकारी

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने आज कहा है कि 6,535 नए संक्रमणों के बाद भारत में कोरोनोवायरस बीमारी (COVID-19) के...

कबीर सिंह के लिए पुरुष्कार ना मिलने पर शाहिद कपूर ने दिया यह जवाब

कल मंगलवार शाम को शाहिद कपूर (Shahid Kapoor) ने ट्विटर पर अपने प्रशंसकों से बात करने की योजना बनायी और लोगों से सवाल पूछने...

सिक्किम के बाद लद्दाख में भारत और चीन की सेना में टकराव

सिक्किम में भारतीय और चीनी सैनिकों के बीच झड़प की खबरों के बाद उत्तरी सीमा पर दोनों देशों के सैनिकों के बीच टकराव की...

औरंगाबाद में रेल के नीचे आने से 16 मजदूरों की मौत, 45 किमी की दूरी तय करने के बाद हुई घटना

महाराष्ट्र (Maharashtra) के औरंगाबाद (Aurangabad) शहर में शुक्रवार सुबह कम से कम 16 प्रवासी श्रमिक ट्रेन के नीचे कुचले गए, जब वे मध्य प्रदेश...

भारत में कोरोनावायरस के आंकड़े 50,000 के पार, महाराष्ट्र में सबसे भयानक स्थिति

भारत (India) में कोरोनावायरस (Coronavirus) से संक्रमित लोगों की संख्या में पिछले दो दिनों में 14 फीसदी की वृद्धि देखि गयी है। यह आंकड़ा...
- Advertisement -

More Articles Like This

- Advertisement -