मंगलवार, नवम्बर 19, 2019

गुजरात कैबिनेट: बीजेपी का बड़ा दाव, राजनीति के साथ जातिय समीकरणों पर भी दिया है ध्यान

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गुजरात में बीजेपी शानदार जीत अर्जित कर चुकी है। अब बारी है शासन चलाने की है लेकिन शासन चलाना भी इतना आसान काम नहीं होता। यहीं कारण है कि रुपाणी के कैबिनेट में एक एक चेहरों पर बीजेपी बारीकी से जांच कर रही है। कैबिनेट में जितने भी लोगों को जगह मिली है उनमे कुछ न कुछ खास है।

गुजरात में छठी बार सरकार बनाने जा रही बीजेपी के लिए आज का दिन अहम है। आज 18 राज्यों के सीएम की मौजूदगी में रुपाणी अपने मुख्यमंत्री पद के लिए और नितिन पटेल डिप्टी सीएम के लिए शपथ ग्रहण करेंगे। रुपाणी का कैबिनेट इसलिए भी ख़ास है क्यूंकि इसमें पुराने लोगों के साथ साथ नए लोगों को भी जगह मिली है।

कुछ इस तरह है गुजरात में बीजेपी मंत्रिमंडल

सीएम विजय रुपाणी
विजय रुपाणी ने छात्र जीवन में आरएसएस से जुड़कर अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत की थी। कहा जाता है कि इंदिरा गाँधी द्वारा देश में लगाए गए आपातकाल के दौरान रुपाणी जेल में रहे थे।

 गुजरात में दूसरी बार सीएम पद की शपथ लेंगे विजय रुपाणी
गुजरात में दूसरी बार सीएम पद की शपथ लेंगे विजय रुपाणी

1987 में राजकोट नगर निगम के चुनाव जीतने के बाद 1998 में उन्‍हें प्रदेश में पार्टी का महासचिव बना दिया गया था। गुजरात की राजनीति में अहम रोल रखने वाले रुपाणी 2006 से 2012 तक वे राज्यसभा के सदस्‍य भी रह चुके है।

2013 में जब नरेन्द्र मोदी गुजरात के मुख्‍यमंत्री थे तो उन्‍हें गुजरात म्यूनिसिपल फाइनेंस बोर्ड का चेयरमैन बनाया गया था। विजय रुपाणी 07 अगस्त को प्रदेश के मुख्यमंत्री बने थे। गुजरात के राजकोट पश्चिम विधानसभा सीट से विधायक और 2006 से 2012 से राज्यसभा सदस्य रूपाणी अब दूसरी बार गुजरात के सीएम बनने जा रहे है।

डिप्टी सीएम होंगे नितिन पटेल

नितिन पटेल होंगे डिप्टी सीएम
नितिन पटेल होंगे डिप्टी सीएम

मोदी के सबसे करीबी माने जाने वाले और अपनी राजनीतिक सूझ बुझ के लिए मशहूर नितिन पटेल गुजरात के डिप्टी सीएम बनने जा रहे है। कहा जाता है कि नितिन जमीन से जुड़े हुए नेता है और सादगी में जीना उन्हें पसंद है। नितिन पाटीदार समाज से आते है।

ऐसी होगी रुपाणी की कैबिनेट मंत्री की फौज
रुपाणी की कैबिनेट मंत्रियों की फौज में कुछ नाम जाने पहचाने और कुछ नाम नए भी है। बीजेपी ने इस बार कुछ नए लोगों को भी जगह दिया है। गुजरात प्रदेश अध्यक्ष रह चुके आरसी फालदू को कैबिनेट में जगह दिया गया है।

क्षत्रिय समुदाय के भुपेन्द्रसिंह चुडासमा और पटेल समुदाय से कौशिक पटेल, सौरभ पटेल, वसावा आदिवासी समुदाय से गणपत वसावा के अलावा दिलीप ठाकोर जैसे कुछ नाम ऐसे है जिन्होंने गुजरात कैबिनेट मंत्री के रूप में चुना गया है। दलित समाज से आने वाले ईश्वर परमार का नाम भी इस लिस्ट में है।

कैबिनेट में यह लोग है ‘फ्रेशर्स’

कैबिनेट में करीब 20 नए चेहरों को शामिल किया गया है जिनमे कौशिक पटेल और आरसी फालदू जैसे नेताओं का नाम प्रमुख है। विजय नारानपुरा सीट से विधायक चुने गये है जबकि आरसी फाल्दु पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रह चुके है।

पूरी कैबिनेट लिस्ट इस प्रकार है

गनपत वसावा, जयेश रादडिया, दिलीप ठाकोर, ईश्वर भाई, नितिन पटेल डिप्टी सीएम और कैबिनेट मंत्री के तौर पर भुपेन्द्रसिंह चुडासमा, आरसी फालदू, कौशिक पटेल और सौरभ पटेल कैबिनेट में होंगे।

यह लोग होंगे राज्य मंत्री

राज्यमंत्री के तौर पर रूपाणी सरकार में अहिरभाई, किशोर कनानी, बचू भाई खाबड और देवा विधावरी, प्रदीप सिंह जडेजा, जयद्रथ सिंह परमार, पत्रकार रमनलाल नानुुभाई, परषोत्तम सोलंकी और ईश्वर सिंह पटेल होंगे।

गुजरात में कैबिनेट मंत्रियों का चुनाव ना सिर्फ राजनीतिक बल्कि सामाजिक और जातिय रूप से भी किया गया है। बीजेपी जानती है कि सत्ता में जाति का अपना अहम रोल है इसलिए चुनाव में सभी जाति के नेताओं का चयन किया गया है।

पाटीदार समाज को एक बार फिर साथ जोड़ने के मकसद से बीजेपी ने अपने कैबिनेट में इस समुदाय को प्रमुखता से जगह दी है। जैन समुदाय के सीएम रुपाणी खुद है, क्षत्रिय समुदाय का प्रतिनिधित्व भुपेन्द्र सिंह चुडासमा कर रहे है जबकि ओबीसी समुदाय से दिलीप ठाकोर, दलित समुदाय से ईश्वर परमार और आदिवासी समुदाय से गणपत वसावा को चुना गया है।

राज्य मंत्री के तौर पर यह है जाति की राजनीति

राज्य मंत्री के तौर पर भी जातिय समीकरणों का ख्याल रखा गया है। जिसमे ब्राह्मण समुदाय से देवा विधावरी, पाटीदार समुदाय से किशोर कनानी, छत्रिय सुमदाय से प्रदीप सिंह जडेजा, जयद्रथ सिंह परमार, परषोत्तम सोलंकी और ईश्वर सिंह पटेल को चुना गया है।

आदिवासी समुदाय से बचू भाई खाबड, मराठी समुदाय से रमन पटकार और ओबीसी समुदाय से परमार का नाम चुना गया है। कहा जा रहा है कि कैबिनेट की यह फौज विपक्ष पर महंगी पड़ेगी और गुजरात में बीजेपी की पकड़ मजबूत करेगी।

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