Sat. Jul 13th, 2024
    आयकर विभाग

    आयकर विभाग ने आज सुबह कर्नाटक के ऊर्जा मंत्री डीके शिवकुमार के घर समेत 35 ठिकानों पर छापेमारी की। इन ठिकानों में ईगलटन रेसॉर्ट भी शामिल है जहाँ गुजरात कांग्रेस के विधायक ठहरे हुए हैं। अधिकारियों ने विधायकों के कमरों के अलावा उनके वाहनों की भी तलाशी ली। आयकर विभाग को शक था कि उनके रेसॉर्ट में बड़ी मात्रा में नकदी छिपाई गई है। हालांकि रेसॉर्ट से नकदी बरामद नहीं हुई है। डीके शिवकुमार के दिल्ली स्थित आवास से छापे के दौरान 5 करोड़ नकदी बरामद की गई। आयकर विभाग ने स्पष्ट किया कि यह कर्नाटक के एक मंत्री पर पड़ा आयकर विभाग का छापा है। इसका गुजरात के विधायकों से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने बताया कि शिवकुमार रेसॉर्ट में ही छिपे हुए थे। ऐसे में हमारे पास रेसॉर्ट पर छापा मारने के अलावा और कोई रास्ता नहीं बचा था।

    आयकर विभाग

     

    यह छापेमारी आज सुबह 7 बजे से शुरू हुई। आयकर अधिकारियों ने मंत्री के सदाशिव नगर और कनकपुरा स्थित आवासों समेत 35 ठिकानों पर छापेमारी की। इनमें ईगलटन रेसॉर्ट भी शामिल है। सीआरपीएफ जवानों के साथ आयकर विभाग के 10 अधिकारियों की टीम सुबह 7 बजे ईगलटन रेसॉर्ट पहुँची। शिवकुमार के छोटे भाई और स्थानीय विधायक डीके सुरेश और एमएलसी रवि के आवासों पर भी आयकर विभाग ने छापे मारे। डीके सुरेश पर ही रेसॉर्ट में ठहरे विधायकों की सुख-सुविधाओं का ध्यान रखने का जिम्मा है।

    आगामी 8 अगस्त को गुजरात में होने वाले राज्यसभा चुनावों से ठीक पहले वरिष्ठ नेता शंकर सिंह वाघेला के बगावती रुख अख्तियार करने के बाद गुजरात कांग्रेस के कई विधायकों ने इस्तीफे सौंप दिए थे। इससे कांग्रेस उम्मीदवार अहमद पटेल की उम्मीदवारी खतरे में पड़ गई थी। भाजपा ने तीनों सीटों पर अपने उम्मीदवार उतरे है। कांग्रेस ने भाजपा पर पुलिसिया दबाव और पैसों का लोभ दिखाकर अपने विधायकों से इस्तीफ़ा दिलवाने का आरोप लगाया था। बढ़ते इस्तीफों के मद्देनजर ही कांग्रेस ने अपने विधायकों को बेंगलुरु के ईगलटन रेसॉर्ट में ठहराया था। यह रेसॉर्ट कांग्रेस नेता और कर्नाटक के ऊर्जा मंत्री डीके शिवकुमार का है। रेसॉर्ट पर हुई इस छापेमारी को कांग्रेस विधायकों से जोड़कर देखा जा रहा है।

    By हिमांशु पांडेय

    हिमांशु पाण्डेय दा इंडियन वायर के हिंदी संस्करण पर राजनीति संपादक की भूमिका में कार्यरत है। भारत की राजनीति के केंद्र बिंदु माने जाने वाले उत्तर प्रदेश से ताल्लुक रखने वाले हिमांशु भारत की राजनीतिक उठापटक से पूर्णतया वाकिफ है।मैकेनिकल इंजीनियरिंग में स्नातक करने के बाद, राजनीति और लेखन में उनके रुझान ने उन्हें पत्रकारिता की तरफ आकर्षित किया। हिमांशु दा इंडियन वायर के माध्यम से ताजातरीन राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर अपने विचारों को आम जन तक पहुंचाते हैं।