दा इंडियन वायर » विदेश » कजाकिस्तान: पूर्व खुफिया प्रमुख राजद्रोह के आरोप में गिरफ्तार
राजनीति विदेश

कजाकिस्तान: पूर्व खुफिया प्रमुख राजद्रोह के आरोप में गिरफ्तार

कजाकिस्तान: पूर्व खुफिया प्रमुख राजद्रोह के आरोप में किया गिरफ्तार

कजाकिस्तान (Kazakhstan) के पूर्व खुफिया प्रमुख — करीम मासीमोव (Karim Massimov) को देशव्यापी सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बाद देशद्रोह के संदेह में गिरफ्तार किया गया है।

करीम मासीमोव की नजरबंदी की घोषणा राष्ट्रीय सुरक्षा समिति द्वारा की गई, एक निकाय जिसकी अध्यक्षता उन्होंने इस सप्ताह अपने निष्कासन तक की थी। अब यूं दिखाई पड़ता है कि अल्माटी-कजाकिस्तान का सबसे बड़ा शहर अब अधिकारिओ के काबू में आ रहा है।

लेकिन राष्ट्रपति कसीम-जोमार्ट तोकायेव (President Kassym-Jomart Tokayev) ने कहा कि कुछ जगहों पर अभी भी “आतंकवादी” हमले हो रहे हैं। उन्होंने  रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ एक फोन कॉल पर की, जिन्होंने कजाकिस्तान के बिगड़े हालातों को बहाल करने के लिए इस सप्ताह सैकड़ों सैनिकों को कजाकिस्तान भेजा।

राष्ट्रपति टोकायव ने अशांति के लिए विदेशी प्रशिक्षित “आतंकवादियों” ( “Terrorists”) को दोषी ठहराया है, परन्तु इस दावे पर  कोई सबूत पेश नहीं किये है।   

प्रदर्शनों की शुरुआत ईंधन की कीमतों में वृद्धि के विरोध में हुई थी, लेकिन यह विरोध  सरकार और पूर्व राष्ट्रपति नूरसुल्तान नज़रबायेव (President Nursultan Nazarbayev) के प्रति जो लोगो में असंतोष है, उसे ज़ाहिर करने के रूप में बदल गया।  

Also Read : कज़ाखस्तान में खूनी मंज़र, राष्ट्रपति भवन को लगाई आग, EMERGENCY घोषित

आंतरिक मंत्रालय के अनुसार, झड़पों ने 26 “सशस्त्र अपराधियों” और 18 सुरक्षा अधिकारियों की जान जाने  का दावा किया। मंत्रालय के अनुसार, लगभग 4,000 लोगों को हिरासत में लिया गया है। आंकड़ों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। विरोध के दौरान फोन लाइन और इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गईं जिससे घटनाओं की पूरी तस्वीर स्थापित करना मुश्किल है।

मासिमोव को व्यापक रूप से पूर्व राष्ट्रपति नूरसुल्तान नज़रबायेव के करीबी सहयोगी के रूप में देखा गया है। वह दो बार प्रधानमंत्री रहे हैं और नज़रबायेव के तहत राष्ट्रपति प्रशासन के प्रमुख के रूप में भी कार्य किया है।

81 वर्षीय नज़रबायेव, एक पूर्व-सोवियत राज्य के सबसे लंबे समय तक शासन करने वाले शासक थे।  2019 में उन्होंने तोकायेव को राष्ट्रपति पद दे दिया था।

साथ ही इस सप्ताह राष्ट्रपति टोकायव ने श्नज़रबायेव को सुरक्षा परिषद के प्रमुख के रूप में उनकी भूमिका से हटा दिया और खुद को उनके स्थान पर नियुक्त किया है।  

About the author

Surubhi Sharma

Add Comment

Click here to post a comment

फेसबुक पर दा इंडियन वायर से जुड़िये!

Want to work with us? Looking to share some feedback or suggestion? Have a business opportunity to discuss?

You can reach out to us at [email protected]