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क्या अरविन्द केजरीवाल को डर सता रहा है कि कही दिल्ली के लोग कांग्रेस को ना वोट दे दे?

क्या अरविन्द केजरीवाल को डर सता रहा है कि कही दिल्ली के लोग कांग्रेस को ना वोट दे दे?

दिल्ली में मस्जिदों के इमामों की एक सभा में भाग लेते हुए, मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने बुधवार को आगामी लोक सभा के वोटों के बटवारे को लेकर चेतावनी दी और दावा किया कि राजधानी में कांग्रेस एक भी सीट नहीं जीत पाएगा।

दिल्ली वक्फ बोर्ड द्वारा आयोजित समारोह में, उनके अध्यक्ष और आम आदमी पार्टी विधायक अमानतुल्ला खान ने कहा कि 200 मस्जिदों के इमामों और मुअज्जिनों (मस्जिद के कर्मचारी जो प्रार्थना पत्र देते हैं) के वेतन में बढ़ोतरी फरवरी से बोर्ड के तहत लागू हो जाएगा।

उन्होंने ये भी बताया कि शहर के 1,500 और मस्जिदों के इमामों और मुअज्जिनों के वेतन में बढ़ोतरी की जाएगी।

आप को समर्थन देने के लिए इमामों से आग्रह करते हुए खान ने कहा-“लोग कह रहे हैं कि वे कांग्रेस को वोट देंगे क्योंकि अगला प्रधानमंत्री उसी पार्टी से बनेगा। अगर ऐसा है तो हम भी अपना समर्थन कांग्रेस को देंगे मगर दिल्ली में, केवल आप ही भाजपा को हरा सकती है, कांग्रेस नहीं।”

इसी बात को दोहराते हुए, केजरीवाल ने कहा-“अगर मुझे लगता कि कांग्रेस जीत सकती है तो आप उन्हें सभी सात सीटें दे देता और चुनाव उन्ही के पक्ष में छोड़ देता। कांग्रेस दिल्ली में एक भी सीट नहीं जीत सकती।”

सभा को वोटों के बटवारे से सावधान रहने के लिए कहते हुए उन्होंने कहा कि ऐसा करने से भाजपा सभी सात सीट जीत जाएगा। उनके मुताबिक, “अगर आप लोगों ने वोट बंट गए तो देश को भारी नुकसान होगा।”

इमामों को वोट का गणित समझाते हुए केजरीवाल ने कहा-“ऐसा कहा जा रहा है कि भाजपा दस प्रतिशत वोट खो देगी। अगर ये वोट कांग्रेस के पास चले गए तो भाजपा फिर जीत जाएगी। लेकिन अगर ये वोट आप को मिल गए तो हम सभी सात सीटें जीत जाएँगे।”

2014 के लोकसभा चुनावों में, भाजपा ने दिल्ली की सभी सात सीटों पर 46 फीसदी वोट हासिल करके जीत हासिल की थी, जबकि AAP को 33 फीसदी और कांग्रेस को 15 फीसदी वोट मिले थे।

प्रधानमंत्री वाले सवाल की उलझन दूर करते हुए, केजरीवाल ने कहा-“ना ही मोदी और ना ही राहुल प्रधानमंत्री बन पाएँगे।हम प्रधानमंत्री बनने वाले किसी और का समर्थन करेंगे।” उन्होंने इससे गैर-कांग्रेस पार्टी के महागठबंधन के संकेत भी दिए।

“अगर मोदी-शाह 2019 में लौट आये तो देश और संविधान फिर खतरे में आ जाएगा। वे लोग देश को हिटलर की तरह तोड़ देंगे।”

आप संयोजक ने भाजपा और आरएसएस पर स्थानीय लोगों से मिलकर मोदी-विरोधी वोटों को कांग्रेस के पक्ष में कराने के लिए की गयी मुलाकात पर भी इलज़ाम लगाते हुए कहा-“जाहिर तौर पर, वे मोदी के खिलाफ बोलते हैं कि कांग्रेस भी उनसे बेहतर है। ये उनकी चाल है, कांग्रेस को वोट दिलाने की और अगर ऐसा हो गया तो भाजपा लोक सभा चुनाव जीत जाएगी।”

दिल्ली मंत्री इमरान खान और कैलाश गहलोत ने भी सभा को संबोधित करते हुए कहा कि कांग्रेस को वोट देकर अपना वोट व्यर्थ ना जाने दे और भाजपा को हराने के लिए आप को ही वोट दें।

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साक्षी बंसल

पत्रकारिता की छात्रा जिसे ख़बरों की दुनिया में रूचि है।

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