Wed. Apr 17th, 2024
    भारतीय उपराष्ट्रपति और ज़िम्वाम्बे के राष्ट्रपति

    भारत के उप राष्ट्रपति वेंकैया नायडू तीन अफ्रीकी देशों के दौरे पर गए हैं। भारत के उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू और ज़िम्वाम्बे के राष्ट्रपति एम्मेरसन म्नंगाग्वा के मध्य बातचीत हुई थी।

    दोनों राष्ट्रों के प्रतिनिधि समूहों के बीच बातचीत के बाद भारत ने शनिवार को ज़िम्वाम्बे में थर्मल पॉवर प्लांट प्रोजेक्ट के लिए 310 मिलियन डॉलर की आर्थिक मदद बढ़ाने का ऐलान किया था।

    ज़िम्वाम्बे में ह्वांगे दूसरा सबसे विशाल पॉवर प्लांट है, जिसकी क्षमता 920 मेगावाट है। भारत ने साथ ही ज़िम्वाम्बे के बुलावायो थर्मल प्लांट के लिए 23 मिलियन डॉलर और डाका पम्पिंग और वाटर इन्टेक सिस्टम के लिए 19.5 मिलियन डॉलर की मदद बढाने की घोषणा की थी।

    भारत ने अफ्रीकी देश को इंडो-जिम तकनीकी संस्थान को तोहफे में दिया था। भारत ने इस संस्थान के विस्तार के लिए भी 2.9 मिलियन डॉलर आर्थक मदद को बढ़ाने का ऐलान किया था। भारत के उपराष्ट्रपति नायडू तीन अफ्रीकी देश बोत्सवाना, ज़िम्वाम्बे और मलावी के दौरे पर गए हैं।

    उपराष्ट्रपति ने दूसरे चरण में बोत्सवाना के बाद शुक्रवार रात ज़िम्वाम्बे पहुंचे थे। इसके बाद उपराष्ट्रपति मलावी के दौरे पर जायेंगे। मलावी में वेंकैया नायडू को राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी की प्रतिमा का अनावरण करना है। हालांकि मलावी की जनता इसका विरोध कर रही है।

    मलावी के प्रदर्शनकारियों के मुताबिक महात्मा गाँधी जातिवादी व्यक्ति थे और अफ्रीकी लोगों को तहजीब न होने की बात कहते थे। उनके मुताबिक महात्मा गाँधी को अफ्रीका में सम्मान देने का औचित्य नहीं बनता क्योंकि उन्होंने अफ्रीका के लिए कुछ नहीं किया था। एक समूह ने प्रतोमा के अनावरण के खिलाफ अदालत में याचिका दायर की थी। अदालत ने प्रतिमा के निर्माण पर अगली सुनवाई तक रोक लगा दी थी।

    By कविता

    कविता ने राजनीति विज्ञान में स्नातक और पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है। वर्तमान में कविता द इंडियन वायर के लिए विदेशी मुद्दों से सम्बंधित लेख लिखती हैं।

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *