चौथे वनडे में भी जीत के इरादे से खेलने उतरेगी टीम इंडिया

चौथे वनडे में भी जीत के इरादे से खेलने उतरेगी टीम इंडिया
चौथे वनडे में भी जीत के इरादे से खेलने उतरेगी टीम इंडिया

श्रीलंका में हो रही भारत बनाम श्रीलंका की वनडे सीरीज में भारत ने पहले ही 3-0 की अजेय बढ़त बना ली है। श्रीलंका के खिलाफ आज चौथे मैच में भारत की टीम जीत को कायम रखने के इरादे से उतरेगी। दांबुला और पल्लेकेल में भारतीय टीम का प्रदर्शन देख के लगता है आज भी भारत के खिलाफ खेलने वाले श्रीलंका का टिक पाना मुश्किल है।

आज श्रीलंका के कोलंबो में आरपीएस स्टेडियम में खेले जा रहे इस मुकाबले में सबकी निगाहें महेंद्र सिंह धोनी पर टिकी रहेंगी। आज अपना 300वां वनडे मैच खेल रहे धोनी छठे खिलाडी बन गए, जिन्होंने अभी एक 300 मैच खेले है। धोनी से पहले सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़,मोहमद अजहरुद्दीन, सौरव गांगुली और यूवराज सिंह ने 300 से ज्यादा मैच खेले है।

दूसरी और श्रीलंका टीम की बात की जाए तो चोट के कारण काफी खिलाडी बाहर हो गए है। श्रीलंका को अगर 2019 वर्ल्डकप के लिए क्वालीफाई करना है तो उन्हें ये दोनों मैच जीतने होंगे। वनडे सीरीज शुरू होने से पहले श्रीलंका 88 अंको के साथ आईसीसी रैंकिंग में 8वें स्थान पर थी। 30 सितम्बर 2017 को वर्ल्डकप क्वालीफाई करने की आखिरी तारीख है। 8वें नंबर पर टिके रहने के लिए श्रीलंका और वेस्टइंडीज के बीचमुकाबला है जिसमे अगर श्रीलंका दोनों बचे हुए मैच जीतती है तो, श्रीलंका 2019 वर्ल्डकप में 90 अंको के साथ प्रवेश कर लेगी।

कप्तान उपुल थरंगा के 2 मैच के प्रतिबन्ध के बाद चमारा कापुगेदरा को टीम की कमान सौंपी गयी थी परन्तु पीठ दर्द के कारण उन्हें बाहर बैठना पड़ा है। अब चौथे मैच में श्रीलंका की कप्तानी गेंदबाज लसिथ मलिंगा कर रहे है। टीम के प्रदर्शन की और देखे तो स्पिनर अकेला धनंजय ने काफी शानदार प्रदर्शन किया है।

टीम इंडिया की बात करे तो वनडे सीरीज शुरू होने से पहले आईसीसी रैंकिंग में 116 अंको के साथ तीसरे नंबर पर थी। प्रदर्शन की बात की जाए तो टीम इंडिया के बल्लेबाज रोहित, शिखर, विराट और धोनी ने इस सीरीज में अबतक शानदार प्रदर्शन किया है। गेंदबाज़ों में जसप्रीत बुमराह और भुवनेश्वर ने लाजवाब प्रदर्शन किया है। के एल राहुल ने सीरीज के तीन मैचों में अबतक अच्छा प्रदर्शन नहीं किया है। वहीं मनीष पांडे ने नेट में जम कर पसीना बहाया है। इस कारण कप्तान कोहली ने मनीष पांडे को अंतिम एकादश में मौका दिया है। गेंदबाज़ी में भी यजुवेंद्र चहल और अक्षर पटेल ने औसत प्रदर्शन किया है। शायद कप्तान कोहली ने चहल को बाहर बिठाकर चाइनामैन बॉलर कुलदीप यादव को मौका दिया है। वही भुवनेश्वर को रेस्ट देकर शर्दुल ठाकुर को मौका दिया है।