मिस्त्र में हुए आतंकी हमले को लेकर पूरी दुनिया ने जताया शोक

मिस्त्र मस्जिद उत्तरी सिनाई

मिस्त्र के उत्तरी सिनाई क्षेत्र में शुक्रवार को एक मस्जिद में हुए हमले में करीब 235 से ज्यादा लोग मारे गए और 100 से अधिक लोग घायल हो गए। मस्जिद के पास हमलावरों ने बम विस्फोट किया था और नमाज पढ़ रहे लोगों को अंधाधुंध फायरिंग भी की।

ये हमला मिस्र के सबसे घातक हमले के रूप में देखा जा रहा है। नमाज पढ़ते हुए न सिर्फ बम विस्फोट में लोग निर्दोष मारे गए अपितु दर्जनभर हमलावरों ने घायलों की मदद करे रहे लोगों पर भी हमला किया।

उत्तरी सिनाई के बीर अल-अबद में अल रावदा मस्जिद में नमाज के दौरान हुए विस्फोट में कई लोगों के मारे जाने व घायल होने पर वैश्विक समुदाय ने कड़ी निंदा की है। साथ ही मिस्त्र को इस दुख की घडी में साथ खड़े रहने का वादा किया है।

कई देशों ने हमले को बताया कायराना

मिस्त्र में हुए आतंकी हमले की भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कड़ी निंदा करते हुए कहा कि भारत सख्ती से आतंकवाद के खिलाफ जारी लड़ाई का समर्थन करता है और लोगों के साथ-साथ मिस्र सरकार के साथ भी खड़ा है।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इस हमले की निंदा करते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय इस बर्बर आतंकवादी घटना को बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं करेगा। ट्रम्प ने इस हमले के बाद मिस्त्र के राष्ट्रपति अब्दुल फतह अल-सीसी को फोन पर सांत्वना दी।

वहीं कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने मिस्त्र में हुए आतंकवादी हमले को लेकर कहा कि वे इस घटना से भयभीत और स्तब्ध है। साथ ही इस हमले में मारे गए लोगों व उनके परिवारों को गहरी संवेदना भी प्रकट की।

ब्रिटेन की प्रधानमंत्री थेरेसा ने मिस्त्र में हुए आतंकवादी हमले को कायराना कृत्य बताते हुए लोगों को सांत्वना दी।

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने भी मिस्त्र में हुए आतंकवादी हमले को घृणित व कायराना बताया। साथ ही इसकी निंदा करते हुए इस आतंकवाद के आयोजक, आर्थिक मदद करने वालो को पहचानने की आवश्यकता पर बल दिया। इसके अलावा दुनिया से मिस्त्र में हुए आतंकी हमले को लेकर गहरी संवेदना जताई गई है।